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शनिवार, 13 नवंबर 2010

राहुल गांधी की नादानियां ....

राहुल बाबा एक के बाद एक बचकाना हरकतें करते चले जा रहें हैं .कभी अनारक्षित डिब्बे में रेल सफर कभी बिना बताये उत्तर प्रदेश युवा कोंग्रेस के अधिवेशन में दस्तक .कभी गरीब की कुटिया में एक दिनी आवास गरज ये उनका मसखरापन थमने का नाम नहीं ले रहा है .कांग्रेसी चिरकुट उनकी इन नादानियों पर भी कसीदे काढ रहें हैं .कोई उनकी तुलना महात्मा गाँधी से कर रहा है तो कोई इस मंद -मती बालक को बोधानंद बतला रहा है .चिरकुटों की कांग्रेस सदा से यही करती आई है ।
कांग्रेस की हताशा का आलम यह है पडोसी के घर में अप -शकुन ज़रूर हो चाहे खुद की ही नाक क्यों न कट जाए .निशाना मायाजी का उत्तर -प्रदेश है जिसे कांग्रेस इस मंद बुद्धि बालक के बूते पर येन केन प्रकारेण फतह कर लेना चाहती है ।वोट से नहीं तो अनहोनी करवा के बदनाम करेंगे माया राज को चिर कूट .राहुल को कुछ ऐसा वैसा होने की देर है .खुदा खैर करे .
अपने हित में गरीब उत्तर प्रदेश की पुलिस को सांसत में डालने की क्या ज़रुरत है .इतना ही राहुल बाबा को अपने पर गुमान है तो अपना पहले अतिरिक्त सुरक्षा कवच हठ वालें फिर बेशक छुट्टा घूमें .पुलिस पर ,सुरक्षा के लिए जिम्मेवार लोगों पर तो आंच नहीं आएगी ।
क्यों नहीं भारत सरकार का गृह विभाग राहुल बाबा को आगाह करता ,लगातार वे सुरक्षा व्यवस्था के साथ छुपम छुपाई खेल रहें हैं .

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